कल चौदहवीं की रात थीः
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कल चौदहवीं की रात थीः (इब्ने इंशा की नज़्में-ग़ज़ले) / शह्रयार एवं महताब हैदर नक़वी द्वारा संपादित.- नई दिल्ली:वाणी प्रकाशन,2010.
135पृ;22सेमी (सजिल्द)
ISBN:9789350001551 Rs. 225.00
वाणी प्रकाशन/PUB /B-400840-850/ B-400845 / 225.00 /sign B-400841 / 225.00 /sign B-400850 / 225.00 /sign B-400849 / 225.00 /sign B-400842 / 225.00 /sign B-400840 / 225.00 /sign B-400848 / 225.00 /sign B-400844 / 225.00 /sign B-400846 / 225.00 /sign B-400847 / 225.00 /sign B-400843 / 225.00 /sign
